Beautiful fairy in magical kingdom
यही सोचकर उसने एक लड़की का हाथ पकड़ लिया जैसे ही उसने उस लड़की का हाथ पकड़ा तो सिंहासन के नीचे से एक सुंदर औरत निकली उसने आते ही उसकी पीठ पर ऐसी टांग जमाई कि वह न जाने कहां से कहां गिरा उसने अपने आपको एक घने जंगल में पाया जिसका कोई सिरा दूर-दूर तक नजर नहीं आ रहा था अब उसे पता चला कि जादू का देश यही है आदमी भी यही होगा जो कहता था कि जिसने एक बार देखा है वह बार-बार देखने की आवश्यकता है उस आदमी को कहीं से ढूंढना चाहिए वह आवाज अब भी उसे बार-बार सुनाई दे रही थी जिसमें एक बार देख लिया वह बार-बार देखना चाहता है आवाज आ रही थी लेकिन भूलने वाले का कुछ पता नहीं था वह उसी को खोज रहा था एक दिन उसने प्रतिज्ञा कर ली थी कि मैं उसे ढूंढ कर ही रहूंगा उस दिन जैसे ही उसको आवाज सुनाई दी तो वह उस और तेजी से भागा उसने देखा कि एक लंबी सफेद दाढ़ी वाला साधु बैठा बोल रहा था विजय उसके पास तक गया और जाकर प्रणाम किया तो उसने विजय की ओर देखकर कहा इस जंगल में तुम क्या कर रही हो एक बार आज मैं तो केवल इस प्रश्न का उत्तर तलाशने आया हूं कि आपने ऐसा क्या देखा है जिसे दोबारा देखने की आवाज है मैं तुम्हारा गांव समझ गया हूं
अब इसका उत्तर सुनो एक दिन में शेयर करता हुआ किसी तालाब के किनारे जा निकला और किनारे पर बैठकर उस जाल का दृश्य देखने लगा इतने में एक सुंदर नारी जल में से निकली और मेरा हाथ पकड़ कर पानी में ले गई नीचे जमीन की तली पर मेरे पैर जैसे ही टिके तो मैंने आंखें खोल कर देखा कि एक ओर से सुंदर नारियों की पूरी लाइन ही चली आ रही है सुंदर बहुत सुंदर इतनी सुंदर नारियां एक साथ मुझे अपनी आंखों पर विश्वास नहीं हो रहा था इससे आगे एक और दृश्य देखा वह सब सुंदर औरतें पत्थर बनकर दीवारों से लगती गई और दीवारों से परिया निकल निकल कर नाचने लगी यह कैसा खेलता मेरा दिमाग तो काम ही नहीं कर रहा था अभी मैं संभल भी नहीं पाया था एक सुंदर परी गुलाबी आंचल मुंह पर डाले मेरे पास आकर खड़ी हो गई उसकी सुंदरता को देखकर ही मेरा दिल बुरी तरह से धड़क उठा मैं उस औरत को अपनी बाहों में भरने के लिए बेचैन हो उठा जैसी मैंने अपने दोनों हाथ उसको पकड़ने के लिए बढ़ाएं तो उस औरत ने ऐसा धक्का दिया कि मैं किसी अन्य जंगल में इतनी बुरी तरह गिरा के चोट के कारण मेरा सारा शरीर टूट चुका था मैं उस जंगल में बैठा और उसे याद करके रोने लगा मेरा दिल तो चाहता था कि मैं उसे भूल जाऊं लेकिन आत्मा के दर्पण में वह सदा नजर आती थी उसे भुला पाना मुश्किल था जबसे अब मेरे पास रोना ही बाकी रह गया था रो रहा हूं सुबह से शाम तक रोता रहता हूं कोई मेरे आंसू पोछने वाला भी नहीं है विजय से उस बूढ़े साधु का रोना देखने गया साधु ने कहा यदि तुम उस सुंदरी को सदा देखते रहना चाहते हो तो उसका हाथ पकड़ने का प्रयास मत करना वह सदा तुम्हारी नजरों के सामने हाथ बांधे खड़ी रहेगी जिसने एक बार देखा वह बार-बार उसे देखने की आवश्यकता है यही है इस सुंदरी की कहानी और यही है तुम्हारी प्रेमिका के प्रश्न का ठीक उत्तर विजय को अपनी प्रश्न का उत्तर तो मिल गया था अब इस जंगल से बाहर निकलना भी कोई सरल बात नहीं थी वह उसी साधु के चरणों में लौट गया और उस से प्रार्थना करने लगा हे प्रभु आप मुझे इस जादू के जंगल से बाहर निकाल दे नहीं तो मैं यही तड़प तड़प कर मर जाऊंगा साधु ने उस समय अपनी धोनी में आग जल गई जिस की लपटें ऊंची उठने लगी तभी उसने जोर से आवाज लगाइए जादूगरों के राजा इस युवक को इसके घर तक पहुंचा दो विजय बहादुर एक लंबी यात्रा के पश्चात जब रूपमती के पास पहुंचा तो रूपमती ने सबसे पहले यही प्रश्न किया क्या मेरे प्रश्न का उत्तर लाए हो हां रूपमती तुम्हारे प्रेम ने मेरे अंदर इतनी शक्ति भर दी कि मैं सैकड़ों परेशानियों दुखों और जादूगरों से भी टक्कर ले कर अपना काम पूरा करके आया हूं अब हमारी शादी को कोई नहीं रोक सकेगा यह कहते हुए विजय ने अपनी यात्रा का पूरा विवरण सुनाते हुए राजकुमारी के प्रश्न का उत्तर दे दिया तो उसने अपनी दोनों भाई विजय के गले में डाल दी दूसरे दिन दोनों का विवाह हो गया

0 टिप्पणियाँ